नई दिल्ली: नवरात्र के शुभ अवसर पर देश में GST 2.0 लागू हो गया है। अब केवल 5% और 18% स्लैब के साथ नई टैक्स व्यवस्था से आम उपभोक्ताओं को सीधी राहत मिली है। रोजमर्रा के खाद्य पदार्थ, दवाइयां, कपड़े, बीमा उत्पाद, इलेक्ट्रॉनिक्स और गाड़ियां पहले से सस्ती हो गई हैं।

केंद्र सरकार ने कई चीजों को जीएसटी से मुक्त किया है जिनमें दूध के टेट्रापैक, शिक्षा सामग्री, खाखरा, निजी स्वास्थ्य व जीवन बीमा उत्पाद और 33 से अधिक जीवनरक्षक दवाएं शामिल हैं।

इस फैसले पर राजनीति भी गर्म है। कांग्रेस सांसद जयराम रमेश ने कहा कि यह “पूरा सुधार नहीं बल्कि डेढ़वां अवतार” है। वहीं, अमित शाह ने इसे “मोदी सरकार का वादा पूरा” बताते हुए कहा कि 390 से अधिक वस्तुओं पर टैक्स में कटौती से करोड़ों परिवारों को लाभ मिलेगा।

भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने दावा किया कि वस्तुएं 15-20% तक सस्ती होंगी और इसे बचत उत्सव बताया। इसी के साथ भाजपा ने 29 सितंबर तक ‘जीएसटी सेविंग्स फेस्टिवल’ का ऐलान किया है। इस अभियान में सांसद और कार्यकर्ता स्थानीय स्तर पर पदयात्रा व संवाद कार्यक्रम करेंगे ताकि लोगों को नई दरों के फायदे बताए जा सकें।

त्योहारी सीजन से पहले यह कदम न सिर्फ अर्थव्यवस्था में पारदर्शिता और बचत को बढ़ावा देगा बल्कि उपभोक्ताओं का विश्वास भी मजबूत करेगा।