CM Rekha Gupta

दिल्ली सरकार ने नई दिल्ली EV पॉलिसी को कैबिनेट से मंजूरी दे दी है। अब इस प्रस्ताव को अंतिम स्वीकृति के लिए उपराज्यपाल के पास भेजा गया है। सरकार का लक्ष्य इस नीति को 1 जुलाई 2026 से लागू करना है, ताकि राजधानी में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को नई रफ्तार मिल सके।

इलेक्ट्रिक ऑटो के लिए लागू होगा नया नियम

सरकार के अनुसार, 1 जनवरी 2027 से दिल्ली में केवल इलेक्ट्रिक ऑटो का ही नया पंजीकरण किया जाएगा। इस फैसले का उद्देश्य प्रदूषण कम करना और सार्वजनिक परिवहन को पर्यावरण के अनुकूल बनाना है। नई दिल्ली EV पॉलिसी इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

दोपहिया वाहनों के पंजीकरण में भी होगा बदलाव

नई नीति के तहत अप्रैल 2028 से केवल इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों का ही पंजीकरण किया जाएगा। इससे पेट्रोल आधारित वाहनों की संख्या धीरे-धीरे कम होगी और स्वच्छ ऊर्जा आधारित परिवहन को बढ़ावा मिलेगा। नई दिल्ली EV पॉलिसी के जरिए सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग बढ़ाने पर जोर दे रही है।

पुरानी नीति की जगह लेगी नई व्यवस्था

दिल्ली की मौजूदा इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी 30 जून 2026 को समाप्त हो रही है। इसके बाद नई नीति लागू होगी। सरकार का मानना है कि इससे ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर, चार्जिंग स्टेशनों और इलेक्ट्रिक वाहन बाजार को नई गति मिलेगी।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने क्या कहा?

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि विशेषज्ञों की सिफारिशों के आधार पर तैयार इस नीति को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है। उन्होंने कहा कि नई दिल्ली EV पॉलिसी का उद्देश्य राजधानी को प्रदूषण मुक्त और आधुनिक परिवहन व्यवस्था की ओर ले जाना है।

राजधानी में स्वच्छ परिवहन को मिलेगा बढ़ावा

नई नीति लागू होने के बाद इलेक्ट्रिक वाहनों का उपयोग बढ़ने की उम्मीद है। इससे वायु प्रदूषण कम करने, ईंधन की खपत घटाने और टिकाऊ परिवहन व्यवस्था विकसित करने में मदद मिलेगी। नई दिल्ली EV पॉलिसी दिल्ली को देश के अग्रणी ईवी शहरों में शामिल करने की दिशा में अहम पहल मानी जा रही है।

यह भी पढ़ें: Maharashtra TET 2026 Cancelled, पेपर लीक के बाद परीक्षा हुई रद्द
तमिलनाडु विशेष प्रतिनिधि नियुक्ति पर DMK ने उठाए बड़े सवाल
Mumbai Poison Capsules Case: पुलिस ने साजिश नाकाम की