सीएम हेल्पलाइन 1076

रायपुर। नागरिकों की शिकायतों पर समयबद्ध कार्रवाई सुशासन की अहम पहचान है। सीएम हेल्पलाइन 1076 इसी उद्देश्य से शिकायतों को संबंधित विभागों तक पहुंचा रही है। शिकायत के बाद कार्रवाई और फीडबैक की प्रक्रिया भी पूरी की जा रही है। इससे नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान का सीधा माध्यम मिल रहा है।

कोरबा में बंद स्ट्रीट लाइट को कराया गया दुरुस्त

कोरबा जिले के वार्ड क्रमांक 12 में स्ट्रीट लाइट बंद होने की शिकायत मिली थी। यह क्षेत्र नई बस्ती और पुराना बस स्टैंड के आसपास का है। शिकायतकर्ता मोहम्मद रियाज ने 10 सितंबर 2026 को अपनी समस्या दर्ज कराई थी।

उन्होंने बताया था कि स्ट्रीट लाइट बंद होने से रात में क्षेत्र में अंधेरा रहता है। इससे स्थानीय लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। शिकायत में समस्या के जल्द समाधान की जरूरत बताई गई थी।

शिकायत संबंधित निगम प्रशासन को भेजी गई। इसके बाद निगम की टीम ने मौके का निरीक्षण किया। टीम ने खराब स्ट्रीट लाइट की मरम्मत कर उसे दोबारा चालू कर दिया।

सीएम हेल्पलाइन 1076 में समाधान के बाद संतुष्टि जरूरी

स्ट्रीट लाइट ठीक होने के बाद शिकायतकर्ता से संपर्क किया गया। उनसे समस्या के समाधान को लेकर प्रतिक्रिया ली गई। मोहम्मद रियाज ने कार्रवाई पर संतुष्टि जाहिर की।

नागरिक की प्रतिक्रिया मिलने के बाद शिकायत को बंद किया गया। इस प्रक्रिया से यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है। कि शिकायत का समाधान केवल कागजों तक सीमित न रहे।

शिकायत दर्ज होने के बाद होती है लगातार निगरानी

शिकायत दर्ज करना पूरी प्रक्रिया का केवल पहला चरण है। इसके बाद उसे संबंधित विभाग और अधिकारियों तक भेजा जाता है। विभागीय स्तर पर कार्रवाई के बाद समाधान की जानकारी दर्ज होती है।

इसके बाद शिकायतकर्ता से फीडबैक लिया जाता है। इससे वास्तविक स्थिति की जानकारी प्राप्त होती है। नागरिक की संतुष्टि मिलने पर ही शिकायत बंद करने की प्रक्रिया पूरी होती है।

सीएम हेल्पलाइन 1076 की यह व्यवस्था नागरिकों और प्रशासन के बीच संवाद को मजबूत करती है। इससे स्थानीय समस्याओं को संबंधित विभाग तक पहुंचाना आसान होता है। साथ ही, शिकायतों के निपटारे की जवाबदेही भी तय होती है।

समाधान के साथ जवाबदेही पर भी जोर

किसी भी जनसमस्या का प्रभावी समाधान नागरिक के लिए महत्वपूर्ण है। इसलिए शिकायत के बाद की कार्रवाई पर भी ध्यान दिया जा रहा है। कोरबा की स्ट्रीट लाइट शिकायत इसका एक उदाहरण बनी है।

सीएम हेल्पलाइन 1076 के माध्यम से शिकायत से लेकर फीडबैक तक प्रक्रिया को जोड़ा गया है। इससे प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने में मदद मिलती है।

इस व्यवस्था का उद्देश्य नागरिकों को उनकी समस्याओं का समाधान उपलब्ध कराना है। साथ ही, संबंधित विभागों को समय पर कार्रवाई के लिए जिम्मेदार बनाना भी है।

सीएम हेल्पलाइन 1076 के जरिए शिकायत, समाधान और संतुष्टि तीनों चरण जुड़े हैं। इससे शासन और नागरिकों के बीच भरोसे की कड़ी मजबूत हो रही है। कोरबा की घटना इसी प्रक्रिया की जमीनी मिसाल है।

यह भी पढ़े:  छत्तीसगढ़ में निवेश को मिली नई गति, सिंगापुर बनाएगी एआई-रेडी डेटा सेंटर