छत्तीसगढ़ से राज्यसभा सांसद रामविचार नेताम ने भूपेश सरकार पर बड़ा आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार इतनी ज्यादा असमर्थ हो चुकी है कि बच्चों की पढ़ाई करवाने के लिए स्कूलों का संचालन करने में उसी शराब के पैसों की मोहताज है.

राज्यसभा सांसद के इस बयान पर रायपुर विकास प्राधिकरण के नवनियुक्त संचालक सदस्य पप्पू बंजारे ने पलटवार करते हुए कहा कि हमने शराबबंदी की बात कही थी तो हमारा कार्यकाल खत्म होने के शराब बंदी कर दी जाएगी.

बता दें कि रामविचार नेताम भाजपा के वरिष्ठ नेता हैं और वे राज्यसभा में बतौर सांसद भी हैं. इस सबके बीच गौर करने वाली बात ये है कि शराब पर बात करने वाले ये नेताजी शायद भूल गए हैं कि शराब का सरकारीकरण करने वाली पार्टी भारतीय जनता पार्टी ही थी. शराब को संरक्षण देने वाली भी बीजेपी ही थी. तो फिर ऐसे में शराब बिक्री पर ज्ञान देना नेताजी को क्या शोभा देता है ?