नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित भारत रिन्यूएबल एनर्जी समिट एवं एक्सपो-2026 में छत्तीसगढ़ की ऊर्जा क्षेत्र से जुड़ी उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं को विशेष महत्व मिला। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्य की नवीकरणीय ऊर्जा नीति और निवेश की संभावनाओं पर आधारित एक महत्वपूर्ण पुस्तक का विमोचन किया।
इस पहल से राज्य की ऊर्जा नीतियों और औद्योगिक अवसरों को राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय निवेशकों तक पहुंचाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
भारत मंडपम में मुख्यमंत्री ने किया पुस्तक का विमोचन
2 नवंबर 2026 को आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने छत्तीसगढ़ के प्रदर्शनी स्टॉल पर पुस्तक का लोकार्पण किया। इसमें प्रदेश की नवीकरणीय ऊर्जा नीति, स्वच्छ ऊर्जा परियोजनाओं और निवेश से जुड़े विभिन्न पहलुओं को शामिल किया गया है।
पुस्तक का उद्देश्य निवेशकों, उद्योगपतियों और ऊर्जा क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों को राज्य की योजनाओं की विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराना है।
नवीकरणीय ऊर्जा नीति और निवेश के अवसरों पर विशेष जोर
छत्तीसगढ़ सरकार ऊर्जा उत्पादन के पारंपरिक तरीकों के साथ स्वच्छ ऊर्जा के विकल्पों को भी प्रोत्साहित कर रही है। इसके लिए सौर ऊर्जा सहित विभिन्न नवीकरणीय स्रोतों के विकास पर ध्यान दिया जा रहा है।
छत्तीसगढ़ हरित ऊर्जा से जुड़ी इस पुस्तक में राज्य की नीतियों, उपलब्ध प्राकृतिक संसाधनों और भविष्य की परियोजनाओं की जानकारी दी गई है।
इससे प्रदेश में निवेश की संभावनाओं को समझने और नई परियोजनाओं के लिए बेहतर अवसर तलाशने में उद्योग जगत को सहायता मिल सकती है।
स्वच्छ ऊर्जा को निवेश का प्रमुख केंद्र बनाने की तैयारी
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार ऊर्जा क्षेत्र में नए निवेश और तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। सरकार की कोशिश है कि छत्तीसगढ़ को स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन के एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में विकसित किया जाए।
इसके लिए नई तकनीकों को अपनाने, निवेशकों को प्रोत्साहित करने और ऊर्जा अधोसंरचना को मजबूत बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
छत्तीसगढ़ हरित ऊर्जा के विस्तार से प्रदेश में औद्योगिक विकास के साथ रोजगार के नए अवसर भी पैदा हो सकते हैं।
निवेशकों और उद्योग जगत को मिलेगी महत्वपूर्ण जानकारी
इस पुस्तक में उपलब्ध कराई गई जानकारी निवेशकों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है। इसमें राज्य की नवीकरणीय ऊर्जा नीति, संसाधनों और संभावित परियोजनाओं का विवरण शामिल है।
इसके माध्यम से देश-विदेश के उद्योग समूह छत्तीसगढ़ में उपलब्ध अवसरों को बेहतर तरीके से समझ सकेंगे। साथ ही, ऊर्जा क्षेत्र में साझेदारी और नई परियोजनाओं की संभावनाओं को भी बढ़ावा मिल सकता है।
हरित ऊर्जा के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ का भविष्य
आज स्वच्छ और टिकाऊ ऊर्जा की मांग लगातार बढ़ रही है। ऐसे समय में छत्तीसगढ़ का नवीकरणीय ऊर्जा पर ध्यान देना महत्वपूर्ण कदम माना जा सकता है।
राज्य की नीतियों और निवेश योजनाओं को एक पुस्तक के माध्यम से प्रस्तुत करना भी इसी दिशा में प्रयास है। छत्तीसगढ़ हरित ऊर्जा का विकास आने वाले समय में प्रदेश की अर्थव्यवस्था, औद्योगिक गतिविधियों और पर्यावरण संरक्षण के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
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