चिटफंड से लूट का मामला अभी थमा भी नही था कि छत्तीसगढ़ में पहली बार मछली पालन की आड़ में किसानों से करोड़ों की ठगी करने का मामला सामने आया है। भास्कर के बिलासपुर एडिशन में छपी खबर की माने तो गुड़गांव की फिश फार्च्यून प्रोड्यूस कंपनी पर 37 किसानों ने ठगी का आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट की शरण ली है।

किसानों ने मामले की एसआईटी जांच करने के साथ ही आपराधिक मामला दर्ज करने की उच्च न्यायालय में गुहार लगाई है। कंपनी की धोखाधड़ी के शिकार हुए बिलासपुर जिले के 3 किसान भी हैं जिन्होंने आधे आधे एकड़ के तालाब के लिये 5:30 लाख के हिसाब से 16 लाख 50 हजार रुपय कंपनी में जमा किए थे।

हाईकोर्ट की शरण में पहुंचे किसानों ने बातचीत के दौरान बताया कि पहले या योजना बालोद दुर्ग क्षेत्र में चल रहे थे बिलासपुर क्षेत्र के जिले में इसे फैलाने वाला सुधीर भंडारी है जिसका दुर्ग में ऑफिस है जिसके कहने पर दुर्ग और बालोद जाकर वहां के तालाबों को देखा किसानों ने देखा और फिर पैसा कंपनी में लगा दिया।। चैन सिस्टम से ज्यादा किसानों को जोड़ने पर पहले महीने 25 हजार और उसके बाद हर महीने 25 हजार कमीशन देने का।लालच दिया जिसके बाद किसानों ने पूरे राज्य भर में किसानों को आपस मे जोड़ लिया।