छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में एक सनसनीखेज वारदात ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बिर्रा थाना क्षेत्र के करही गांव में कांग्रेस नेता के घर में घुसकर देर रात अज्ञात हमलावरों ने गोलीबारी कर दी। इस हमले में आयुष कश्यप की मौत हो गई, जबकि उनके छोटे भाई आशुतोष कश्यप गंभीर रूप से घायल हैं और अस्पताल में उनका इलाज जारी है।

घटना गुरुवार देर रात करीब 12:30 बजे की बताई जा रही है, जब तीन नकाबपोश बदमाश घर में दाखिल हुए और बिना किसी चेतावनी के फायरिंग शुरू कर दी। हमलावरों का निशाना सीधे आयुष कश्यप थे, जिन्हें दो गोलियां लगीं और उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। इसके बाद हमलावरों ने दूसरे भाई पर भी फायरिंग की और फरार हो गए।

मृतक की बहन प्रेरणा कश्यप ने बताया कि हमलावर पूरी तरह से योजना बनाकर आए थे और उन्होंने सीधे आयुष को निशाना बनाया। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ दिन पहले गांव में कुछ संदिग्ध युवक आयुष के बारे में पूछताछ करते देखे गए थे, जिससे यह घटना पूर्व नियोजित साजिश की ओर इशारा करती है।

घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। प्रभारी पुलिस अधीक्षक Nivedita Pal और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक Umesh Kashyap सहित जांच टीमें मौके पर पहुंचीं। साइबर और फॉरेंसिक विशेषज्ञों की मदद से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।

प्रारंभिक जांच में रेत कारोबार से जुड़े विवाद को इस हमले की संभावित वजह माना जा रहा है। मृतक के पिता सम्मेलाल कश्यप ने भी इसी दिशा में संदेह जताया है। बताया जा रहा है कि आयुष हाल ही में इस व्यवसाय में सक्रिय हुए थे, जिसके चलते कुछ लोगों से तनाव की स्थिति बन रही थी।

घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल है। पोस्टमार्टम के बाद जब आयुष का शव गांव लाया गया, तो स्थानीय लोगों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम कर दिया। इस दौरान जांजगीर-चांपा विधायक Vyas Kashyap और जैजैपुर विधायक Baleshwar Sahu भी मौके पर पहुंचे और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की।

फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। यह घटना न केवल एक परिवार के लिए त्रासदी है, बल्कि पूरे इलाके में सुरक्षा को लेकर चिंता का विषय बन गई है।