छत्तीसगढ़ में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए सड़क और पुल परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। लोक निर्माण विभाग ने 18 निर्माण कार्यों की निविदाएं स्वीकृत की हैं। इनकी कुल राशि 243 करोड़ 81 लाख 11 हजार रुपये है। परियोजनाओं में 12 पुल और छह सड़क निर्माण एवं उन्नयन के कार्य शामिल हैं।
सड़क और पुल परियोजनाओं से बढ़ेगी कनेक्टिविटी
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि मजबूत सड़क नेटवर्क प्रदेश के विकास में अहम भूमिका निभाता है। बेहतर आवागमन से व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसरों तक पहुंच आसान होती है। इससे ग्रामीण और वनांचल क्षेत्रों को भी लाभ मिलेगा।
उप मुख्यमंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री अरुण साव ने अधिकारियों को जल्द कार्यादेश जारी करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखने और निर्धारित समय-सीमा में काम पूरा करने पर जोर दिया।
243 करोड़ रुपये के कार्यों को मिली मंजूरी
लोक निर्माण विभाग की निविदा समिति ने 12 अक्टूबर को आयोजित बैठक में इन परियोजनाओं को स्वीकृति दी। अब चयनित निर्माण एजेंसियों को कार्यादेश जारी करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी कार्य निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुसार पूरे किए जाएंगे। निर्माण कार्यों की निगरानी और गुणवत्ता जांच की जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों की होगी। स्वीकृत कार्यों को किसी अन्य एजेंसी को सबलेट करने की अनुमति नहीं होगी।
रायपुर में फुण्डहर चौक पर बनेगा ओवरपास
राजधानी रायपुर में यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए दो महत्वपूर्ण परियोजनाओं को मंजूरी मिली है। वीआईपी रोड स्थित फुण्डहर चौक पर ओवरपास निर्माण के लिए 29 करोड़ 80 लाख 12 हजार रुपये की निविदा स्वीकृत हुई है।
इसके अलावा रायपुरा चौक फ्लाईओवर के दोनों ओर सर्विस रोड चौड़ी की जाएगी। रिंग रोड नंबर-1 यानी एनएच-30 पर 3.66 किलोमीटर लंबी सर्विस रोड के लिए करीब 14.97 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं। इन कार्यों से प्रमुख मार्गों पर आवागमन सुगम बनाने में मदद मिल सकती है।
जांजगीर-चांपा और सूरजपुर की सड़कों का होगा सुधार
जांजगीर-चांपा जिले में देवरी-तनौद-भुईगांव-शुक्लाभाठा-ससहा मार्ग के 17.40 किलोमीटर हिस्से का चौड़ीकरण और मजबूतीकरण किया जाएगा। इसके लिए 31.07 करोड़ रुपये की निविदा स्वीकृत हुई है।
सूरजपुर जिले में 16.85 किलोमीटर लंबे रिंग रोड को मजबूत किया जाएगा। इस काम के लिए 16.08 करोड़ रुपये से अधिक की निविदा मंजूर हुई है। वहीं, रायपुर जिले के समोदा-बनरसी-तुलसी मार्ग का भी चौड़ीकरण होगा।
बेमेतरा जिले में बहिंगा-तिवरैया-सिमगा पहुंच मार्ग और मदराली-कटई-बेलटुकरी मार्ग पर निर्माण कार्य किए जाएंगे। इन परियोजनाओं में पुल-पुलियों का निर्माण भी शामिल है।
इन्द्रावती नदी पर बनेगा 36 करोड़ का पुल
बीजापुर जिले में कुटरू-गुटमांगी मार्ग पर इन्द्रावती नदी में उच्च स्तरीय पुल बनाया जाएगा। पुल और पहुंच मार्ग के लिए 36 करोड़ 5 लाख 75 हजार रुपये की निविदा मंजूर हुई है।
बस्तर जिले में भंवरडीह नदी और मांढेर नाला पर भी पुल निर्माण की योजना है। इसके साथ ही छिन्दनार-कौरगांव मार्ग पर हान्दावाड़ा नदी में पुल बनाया जाएगा। इस परियोजना के लिए 5 करोड़ 73 लाख रुपये से अधिक की निविदा स्वीकृत हुई है।
इन कार्यों से वनांचल के गांवों का संपर्क मजबूत करने में मदद मिलेगी। बरसात के दौरान नदी-नालों के कारण आवागमन में आने वाली परेशानियां भी कम हो सकती हैं।
अन्य जिलों में भी बनेंगे नए पुल
राजनांदगांव जिले के महाराजपुर-बरटोला मार्ग पर सूखा नाला में पुल बनाया जाएगा। कोंडागांव जिले के माकड़ी-हीरापुर मार्ग पर कलीबेड़ा नाला और परेदा-कोंगुड मार्ग पर परौदा नदी में पुल निर्माण प्रस्तावित है।
खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में मोती नाला पर पुल बनाया जाएगा। कांकेर जिले में निब्रा नदी और पासंगी नाला पर भी उच्च स्तरीय पुलों के निर्माण की निविदाएं स्वीकृत हुई हैं। सरगुजा जिले के दाहीडांड-सोनवरसा मार्ग पर मछली नदी में भी पुल बनेगा।
ग्रामीण क्षेत्रों को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
नई सड़कों और पुलों से किसानों को अपनी उपज बाजार तक पहुंचाने में सुविधा मिल सकती है। विद्यार्थियों के लिए शिक्षण संस्थानों तक पहुंचना आसान होगा। मरीजों को स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंचने में भी मदद मिलेगी।
राज्य सरकार ने निर्माण कार्यों को गुणवत्ता और पारदर्शिता के साथ पूरा करने पर जोर दिया है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से प्रदेश के विभिन्न जिलों में आवागमन और संपर्क सुविधाओं में सुधार की उम्मीद है।