रायपुर : छत्तीसगढ़ में इन दिनों कैग की रिपोर्ट को लेकर सियासी युद्ध मचा हुआ है. पूर्व सीएम रमन सिंह और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बीच सियासी टकराव जारी है. रमन सिंह ने भूपेश सरकार पर कैग रिपोर्ट को लेकर नीतियां और व्यवस्थाएं ही खोखली होने की बात कही थी, जिस पर सीएम भूपेश बघेल ने शायराना अंदाज में निशाना साधा है. सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि ‘डरकर आईना देखने से इंकार करता है, फिर भी खुद ही खुद को बेनकाब करता है’.


बता दें कैग रिपोर्ट को लेकर रमन सिंह ने लिखा था कि आपकी नीतियां और व्यवस्थाएं ही खोखली हैं. कैग की रिपोर्ट के मुताबिक 2018- 2019 में कांग्रेस सरकार ने CGRDCL को सड़क निर्माण के लिए 1157 करोड़ रुपए की राशि का अलॉटमेंट किया, लेकिन उसमें से ₹633 करोड़ खर्च ही नहीं कर पाई.


क्या है कैग रिपोर्ट
भारत के नियन्त्रक एवं महालेखापरीक्षक (अंग्रेज़ी: Controller and Auditor General of India; संक्षिप्त नाम: CAG कैग), भारतीय संविधान के अध्याय ५ द्वारा स्थापित एक प्राधिकारी है जो भारत सरकार तथा सभी प्रादेशिक सरकारों के सभी तरह के लेखों का अंकेक्षण करता है। वह सरकार के स्वामित्व वाली कम्पनियों के भी हिसाब-किताब की जांच करता है।