नगरीय निकायों की कार्यप्रणाली में सख्ती लाते हुए कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने स्पष्ट कर दिया है कि अवैध निर्माण पर सख्ती अब प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर किसी जोन में प्लाटिंग या अतिक्रमण की शिकायत मिलती है, तो संबंधित जोन कमिश्नर और विभागीय अधिकारी सीधे उत्तरदायी होंगे।

रेडक्रॉस सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में कलेक्टर ने सभी जोन कमिश्नरों को निर्देश दिए कि वे नियमित निरीक्षण करें और किसी भी अनधिकृत गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई करें। अवैध निर्माण पर सख्ती को लेकर नगर निवेश, राजस्व और बिजली विभाग के साथ समन्वय बनाने को भी कहा गया।

डॉ. सिंह ने कहा कि वार्डों में जलभराव, ट्रैफिक जाम जैसी समस्याओं के समाधान में जोन कमिश्नर सक्रिय भूमिका निभाएं। स्कूलों के बाहर लगी गुमटियों को हटाना, ट्रांसफार्मरों के नीचे की सफाई और अवैध निर्माण पर सख्ती जैसे मुद्दों को प्राथमिकता दी जाए।

उन्होंने दोहराया कि राज्य सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की देरी अस्वीकार्य होगी। बैठक में नगर निगम रायपुर और बिरगांव के कमिश्नर समेत सभी जोन प्रमुख उपस्थित थे।

कलेक्टर का यह निर्देश स्पष्ट संकेत है कि अब प्रशासनिक लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदार अधिकारियों पर जवाबदेही तय की जाएगी।