नाग पंचमी भारत की समृद्ध धार्मिक परंपराओं का एक पवित्र पर्व है, जो नाग देवता की भक्ति के लिए मनाया जाता है।
यह पर्व सावन मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को आता है और सांपों के प्रति श्रद्धा प्रकट करने का विशेष अवसर है।

देश के विभिन्न हिस्सों में आज के दिन नाग देव की पूजा होती है।
भक्त दूध, फूल और कुशा चढ़ाकर नागों को प्रसन्न करने का प्रयास करते हैं।

इस दिन ग्रामीण क्षेत्रों में पारंपरिक खेल प्रतियोगिताएं, कुश्ती दंगल और सांस्कृतिक मेले भी आकर्षण का केंद्र होते हैं।
मंदिरों और घरों में विशेष अनुष्ठान कर लोग नाग देवता से परिवार की रक्षा और सुख-शांति की कामना करते हैं।

हमारी संस्कृति प्रत्येक जीव में ईश्वर का अंश मानती है, चाहे वह पशु हो या कीट-पतंग।
नाग पंचमी इसी जीवनदृष्टि की पुष्टि करता है, जहाँ सांपों तक को देवता के रूप में पूजा जाता है।

सभी देशवासियों को नाग पंचमी की हार्दिक शुभकामनाएँ।
आइए हम इस पर्व के माध्यम से प्रकृति और उसके प्रत्येक प्राणी के प्रति सम्मान प्रकट करें।