जयपुर। राजधानी जयपुर के एक अनाथ आश्रम में रहने वाले 8 से 10 साल के 8 बच्चों के साथ यौन शोषण का मामला आया सामने। आश्रम में जयपुर, भरतपुर, अजमेर, दौसा व आस-पास जिलों के 19 बच्चे रहते थे, जब इस उत्पीड़न संबंधी शिकायत का ऑडियो पहुंचा तो अधिकारी हरकत में आए और कार्रवाई शुरू हुई। बुधवार देर रात चाइल्ड लाइन जयपुर की काउंसलर शांति बेरवाल ने अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाया है।

उसके बाद पुलिस ने गुरुवार को आश्रम के संचालक और कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है।अब पुलिस पूछताछ कर रही है। गुरुवार को वहां रहने वाले बच्चों को किसी अन्य जगह शिफ्ट कर दिया गया। काउंसलर शांति बेरवाल के मुताबिक, आश्रम में मौजूद बच्चों की काउंसिलिंग की तो उनकी पीड़ा सुन कर हैरान हो गए। बताया कि दो महीने पहले एक 16 साल का किशोर आश्रम में आया था। इसी नाबालिग ने इन बच्चों के साथ छेड़छाड़ और गंदी हरकत करना शुरू कर दिया। इसके बाद इसी लड़के के दो और साथी आश्रम में आ गए। इनकी भी उम्र करीब 16 से 17 साल की है। तीनों आश्रम में रह रहे 8 से 10 साल के बच्चों के साथ गंदी हरकतें करते थे। उनको डरा-धमकाकर चुप रखते थे। बताया जा रहा है कि इसका वीडियो भी बनाया गया है। इसकी जांच की जा रही है।

जानकारी के मुताबिक आश्रम में आए दिन शराब पार्टी होती थी। धनतेरस की रात को भी आश्रम में शराब पार्टी हुई थी। यहां डांस भी हुआ। इस बीच, आश्रम में ही रह चुके एक किशोर ने मोबाइल फोन से इस शराब पार्टी का वीडियो बना लिया। इसी वीडियो को बाल आयोग में किसी कर्मचारी को मोबाइल फोन पर भेज दिया।

वीडियो में बच्चों के साथ दुर्व्यवहार किया जा रहा था। इसी को लेकर पुलिस ने पोक्सो एक्ट के तहत प्रकरण जांच करना शुरू किया। जांच के दौरान मामला सही पाए जाने पर पुलिस ने आज दोनों नाबालिग बच्चों को निरुद्ध कर लिया है। फिलहाल पुलिस की टीम अब मामले की जांच पड़ताल में जुट गई है।