चीन पर ट्रंप का रुख

व्हाइट हाउस में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे म्युंग से मुलाकात के दौरान ट्रंप ने चीन को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि अमेरिका के पास चीन को तबाह करने की पूरी क्षमता है, लेकिन वे ऐसा कदम नहीं उठाना चाहते। ट्रंप का कहना था कि बीजिंग और वॉशिंगटन के बीच संबंध बेहतर बनाए जाएंगे।

भारत पर बढ़ा आयात शुल्क

रूस से तेल आयात पर ट्रंप ने भारत को बड़ा झटका दिया है। उन्होंने 25 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाकर कुल टैरिफ 50 प्रतिशत कर दिया। यह शुल्क बुधवार से लागू होगा। हैरानी की बात यह रही कि रूस से सबसे अधिक तेल चीन खरीदता है, फिर भी ट्रंप ने उस पर किसी तरह का जुर्माना नहीं लगाया और उसे 90 दिनों की मोहलत दे दी।

युद्ध रोकने का दावा

ट्रंप ने मीडिया से बातचीत में दावा किया कि उन्होंने सात युद्धों को रोका है। इनमें भारत और पाकिस्तान के बीच संभावित युद्ध भी शामिल था। उनके मुताबिक कई संघर्ष उन्होंने शुल्क और व्यापारिक दबाव डालकर खत्म किए। ट्रंप का कहना था कि अगर कोई देश लड़ाई करता तो वे 100 प्रतिशत टैरिफ लगा देते, जिससे हालात बदल जाते।

भारत-पाक तनाव पर बयान

ट्रंप ने कहा कि भारत-पाक तनाव परमाणु स्तर तक पहुंच सकता था। उनके अनुसार, सात जेट पहले ही गिराए जा चुके थे और हालात गंभीर थे। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर संघर्ष जारी रहा तो व्यापार रोक दिया जाएगा। इसके बाद 24 घंटे में स्थिति शांत हो गई। हालांकि भारत सरकार बार-बार यह स्पष्ट करती रही है कि संघर्षविराम का फैसला दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों के बीच बातचीत से हुआ था, किसी तीसरे पक्ष का हस्तक्षेप नहीं था।