बेमेतरा। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल दो दिवसीय बेमेतरा और मुंगेली प्रवास पर हैं। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल मुंगेली पहुंच चुके हैं। इससे पहले उन्होंने बेमेतरा में पत्रकारों से चर्चा की और उनके सवालों का जवाब दिया। मुख्यमंत्री बघेल ने बताया कि जिले में दो शुगर फैक्ट्री स्थापित की जाएंगी। उन्होंने कहा कि इससे जिले में जहां रोजगार के अवसर खुलेंगे, वहीं किसानों को भी काफी ज्यादा लाभ मिल पाएगा।

इस दौरान मुख्यमंत्री को बिजली बिल हॉफ योजना की समस्याओं से अवगत कराया गया। सीएम को बताया गया कि समय पर बिल नहीं मिलने की वजह से उपभोक्ताओं को ​योजना का सही लाभ नहीं मिल रहा है। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि बिजली बिल हॉफ अवश्य हो रही है फिर भी समस्या आ रही है, तो उसका निराकरण जल्द करा दिया जाएगा।

नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में आई जागरूकता

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में राज्य सरकार विकास, विश्वास और सुरक्षा की नीति अपनाकर इन क्षेत्रों में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के साथ-साथ विभिन्न जन कल्याणकारी कार्यक्रमों का प्रभावी रूप से क्रियान्वयन किया जा रहा है। इससे नक्सलियों से लोगों का मोह भंग हो रहा है। नक्सल गतिविधियां अब सिमट सी गई है। इन क्षेत्रों में लोगों के जीवन में आ रहे बदलाव से यह बात स्पष्ट होती है। सीएम बघेल आज एक निजी समाचार चैनल के कार्यक्रम ’12 आवर स्वस्थ भारत सम्पन्न भारत टेलीथॉन’ कार्यक्रम को बेमेतरा जिला मुख्यालय से वर्चुअल रूप से सम्बोधित कर रहे थे।

राज्य सरकार की नीतियों और कार्यक्रम से बढ़ा बदलाव

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की नीतियों और कार्यक्रम से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के लागों के जीवन में बड़ा बदलाव आ रहा है। बीजापुर में दिसंबर 2018 तक, जहां साल भर में एक दो टेªक्टर की ब्रिकी होती थी आज यह आकड़ा 400 के पार पहुंच गया है। वहीं मोटर सायकलों की ब्रिकी संख्या औसतन 15-16 से बढ़कर 5000 तक पहुंच गई है। इन क्षेत्रों में वनअधिकार कानून का प्रभावी क्रियान्वयन कर लोगों को वनाधिकार पट्टे दिए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि नक्सल प्रभावित इलाकों में वर्षों से बंद सैकड़ों स्कूल फिर से शुरू किए गए है।