- सरकार की पहल रंग लाई, प्लास्टिक के बारदाने की मिली पहली खेप
- केंद्र से मिला 1.14 लाख गठान जूट बारदाना, शेष की आपूर्ति जल्द
रायपुर। छत्तीसगढ़ में इन दिनों धान खरीदी चल रही है। सरकार इस समय बारदाना संकट से जल्द ही निजात मिलेगी। सरकार की पहल पर खाद्य विभाग के ओएसडी ने केंद्र सरकार के अफसरों से चर्चा के दौरान बारदाने की व्यवस्था इसी माह पूरा करने का आश्वासन दिया है। खाद्य विभाग के ओएसडी अब्दूल कैसर हक ने बताया कि केंद्रीय खाद्य मंत्रालय के अधिकारियों से धान खरीदी के संबंध बारदाने उपलब्ध कराने को लेकर चर्चा हुई। अधिकारियों ने इसे ध्यान से सुना और इस संबंध में यथासंभव मदद देने का भरोसा दिलाया।
छत्तीसगढ़ में किसानों से 105 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने के लिए सरकार को 5.25 लाख गठान जूट बारदाने की जरूरत है। सरकार की ओर से बारदाने का इंतजाम किया जा रहा है। भारत सरकार द्वारा राज्य को 2.14 लाख गठान नए जूट बारदाने की आपूर्ति जूट कमिश्नर के माध्यम से करने के संबंध में राज्य की बात सुनी गई है। अब तक राज्य को 1.14 लाख गठान बारदाना मिला है। शेष गठानों की आपूर्ति दिसंबर तक करने का आश्वासन दिया गया है। उन्होंंने पिछले दिनों दिल्ली जाकर केंद्रीय खाद्य मंत्रालय के अधिकारियों से चर्चा कर बारदाना उपलब्ध कराने का अनुरोध किया था। अब तक केंद्र द्वारा 2.14 लाख गठान के एवज में अब तक 1.14 लाख गठान बारदाने की आपूर्ति की जा चुकी है।


अधिकारियों ने दिया आश्वासन
अधिकारियों ने बाकी के बारदाने दिसंबर माह तक उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है। राज्य सरकार बारदाने की कमी से निपटने के लिए 1.13 लाख गठान एचडीपीई-पीपी बारदाने और 50 हजार गठान नए जूट बारदाने निविदा के माध्यम से क्रय कर रही है। राज्य सरकार द्वारा केद्रीय पुल में एफसीआई को चावल जूट के बारदाने में ही जमा किए जाने के निर्देश हैं। चूंकि बारदाने की कमी है। इसलिए राज्य सरकार ने एफसीआई में प्लास्टिक बारदाने में भी चावल लेने की अनुमति की मांग केंद्र से की है। मिलिंग के बाद राइस मिलर्स के द्वारा प्लास्टिक बारदाने में चावल एफसीआई को उपलब्ब्ध कराया जा सकेगा।
एक हजार गठान प्लास्टिक बारदाना मिला
राज्य सरकार ने 1.13 लाख प्लास्टिक बारदाना खरीदने के लिए निविदा जारी किया था। निविदा खुलने के बाद इस पर कार्यादेश जारी हो गया है। अब तक राज्य सरकार को एक हजार गठान प्लास्टिक बारदाने मिल चुके हैं। शेष बारदाने की आपूर्ति जल्द किया जाएगा। 50 हजार जूट बारदाने खरीदी के लिए मार्कफेड ने पूर्व में निविदा जारी किया था, उसमें किसी आपूर्तिकर्ता के नहीं आने पर फिर से निविदा जारी किया गया है।


किसानों से 25 प्रतिशत बारदाना
छत्तीसगढ़ में धान बेचने वाले किसानों से कुल बेचे जाने वाले धान का 25 प्रतिशत बारदाना लिया जा रहा है। किसानों को बारदाने लाने पर पूर्व में 18 रुपए मिलता था, उसे बढ़ाकर 25 रुपए कर दिया गया है। किसान टोकन कटते ही धान के साथ 25 प्रतिशत बारदाना ला रहे हैं। 75 प्रतिशत बारदाना समितियों के द्वारा उपलब्ध कराया जा रहा है। किसानों को बारदाना का भुगतान धान के मूल्य के साथ जोड़कर उनके खाते में अंतरित किया जा रहा है।
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