रायपुर/18 नवंबर 202। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के द्वारा अतिरिक्त सुरक्षा निधि की राशि को आधी करने के फैसले का स्वागत करते हुए इस जनहितैषी निर्णय के लिए आभार व्यक्त किया है। विदित हो कि राज्य विद्युत नियामक आयोग की तय प्रक्रिया और प्रावधानों के अनुसार वार्षिक खपत की गणना के आधार पर 2 माह का औसत निकाल कर यही राशि सुरक्षा नीति के तहत लेने का प्रावधान है। इसमें भी अगर पिछली सुरक्षा निधि है तो ताजा गणना की राशि और पिछली जमा राशि का अंतर जोड़ा जाता है। कोरोना काल के कारण पिछले साल अतिरिक्त सुरक्षा निधि की गणना 1 साल के लिए बढ़ा दी गई थी, जिसके कारण इस साल 2 सालों के लिए गणना की स्थिति बनी है। औसत खपत में वृद्धि से सुरक्षा निधि भी बढ़ी है जिसके कारण कई उपभोक्ताओं को अतिरिक्त सुरक्षा निधि की राशि बिल में जोड़ कर जारी किया गया था। आम जनता को राहत देने के लिए भूपेश बघेल सरकार ने बिल में जोड़ी गई अतिरिक्त सुरक्षा निधि की राशि को आधी करने का आदेश दे दिया है। साथ ही यह भी निर्देश दिया है कि जिन लोगों ने मौजूदा सुरक्षा निधि के साथ बिल अदा कर दिया है उन्हें अगले महीने यानी नवंबर के बिल में उक्त राशि की राहत दी जाए।
प्रवक्ता सुरेंद्र वर्मा ने कहा है कि एक तरफ केंद्र की मोदी सरकार की गलत आर्थिक नीतियों से विद्युत उत्पादन लागत बढ़ रहा है। कोल के परिवहन लागत भी बढ़े हैं, रेलवे का माल भाड़ा मोदी सरकार ने बढ़ाया हैं, कोल पर ग्रीन टैक्स में कई गुना की वृद्धि मोदी सरकार ने की है और डीजल पर 10 गुना सेंट्रल एक्साइज वसूले जाने से बिजली उत्पादन की लागत लगातार बढ़ी है। फिर भी छत्तीसगढ़ में भूपेश सरकार घरेलू बिजली उपभोक्ताओं को 400 यूनिट तक बिजली बिल हाफ का लाभ सतत जारी है और अब अतिरिक्त सुरक्षा निधि की राशि आधी करने के भूपेश बघेल सरकार के फैसले ने छत्तीसगढ़ की जनता का दिल जीत लिया है। मोदी सरकार की गलत आर्थिक नीतियों के चलते आय में कमी और महंगाई के मार से पीड़ित जनता को एक बड़ी राहत छत्तीसगढ़ सरकार ने दी है।
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