राजधानी रायपुर में नवरात्रि के मद्देनजर जिला कलेक्टर सौरभ कुमार ने दिशा-निर्देश जारी कर दिया गया है। कोरोना वायरस के मद्देनजर 24 बिंदुओं में गाइडलाइन जारी की गई है। आदेश के मुताबिक 8 फीट की मूर्ति के लिए अनुमति दी गई है। इसके अलावा आम लोगों के लिए ज्योत दर्शन पर भी प्रतिबंध है।

नवरात्रि के लिए जारी दिशा-निर्देश

एक समय में 50 व्यक्ति से ज्यादा इकट्ठा होने पर कार्रवाई होगी।
100 मीटर के दायरे में ही DJ और धुमाल बजाने की अनुमति दी गई है। 200 वाट के DJ और धुमाल को अनुमति।
मूर्ति विसर्जन के लिए 10 लोगों की अनुमति।
मूर्ति की अधिकतम ऊंचाई 8 फीट होनी चाहिए।
मूर्ति स्थापना वाले पांडाल का आकार (15×15) 225 स्क्वैयर फीट से ज्यादा ना हो।
पांडाल के सामने कम से कम 500 वर्ग फीट की खुली जगह हो।
पंडाल के सामने 500 वर्ग फीट की खुली जगह में कोई भी सड़क अथवा गली का हिस्सा प्रभावित ना हो।
मंदिर प्रांगण के भीतर नियत स्थान पर सभी ज्योत प्रज्जवलित किया जाएगा। उक्त प्रज्ज्वलन की जिम्मेदारी मंदिर प्रबंधन समिति की होगी।
ज्योति दर्शन हेतु दर्शनार्थियों व अन्य व्यक्तियों का प्रवेश पूर्णता वर्जित रहेगा।
मूर्ति दर्शन और पूजा में शामिल होने वाले सभी व्यक्तियों को बिना मास्क के प्रवेश ना दिया जाए।
पांडाल में आने वाले हर एक सदस्य का मोबाइल नंबर रजिस्टर में दर्ज किया जाए ताकि कोरोना संक्रमण होने पर कांटेक्ट ट्रेसिंग की जा सके।
कंटेनमेंट जोन में मूर्ति स्थापना की अनुमति नहीं होगी।
यदि पूजा की अवधि के दौरान भी उपरोक्त क्षेत्र कंटेनमेंट जोन घोषित हो जाता है तो तत्काल पूजा समाप्त करनी होगी.
मूर्ति स्थापना एवं विसर्जन के दौरान प्रसाद चरणामृत या कोई भी खाद्य एवं पेय पदार्थ वितरित ना किया जाए।
मूर्ति विसर्जन के लिए एक से अधिक वाहन की अनुमति नहीं होगी एवं मूर्ति विसर्जन के लिए पिकअप, टाटा एस, छोटा हाथी से बड़े वाहन का उपयोग प्रतिबंधित होगा।
मूर्ति के वाहन में किसी भी प्रकार के अतिरिक्त साज-सज्जा झांकी की अनुमति नहीं होगी।
छोटी मूर्तियों का विसर्जन यथासंभव घरों पर ही किया जाए एवं बड़ी मूर्तियों एवं पूजन सामग्रियों का विसर्जन नगर पालिका निगम रायपुर द्वारा निर्धारित विसर्जन कुंड में ही किया जाए।
सूर्यास्त के पश्चात एवं सूर्योदय से पहले मूर्ति विसर्जन के किसी भी प्रक्रिया की अनुमति नहीं होगी। मूर्ति विसर्जन के लिए 4 से अधिक व्यक्ति नहीं जा सकेंगे एवं मूर्ति के वाहन में ही बैठेंगे।

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