दुर्ग। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बुधवार को छठ पर्व के अवसर पर भिलाई-खुर्सीपार में छठ पूजा कार्यक्रम में शामिल हुए। यहां डूबते सूर्य को अर्ध्य देने एकजुट हुए हजारों छठ व्रतियों के साथ पूजा कर सबको बधाई और शुभकामनाएं दी। उन्होंने इस मौके पर प्रदेशवासियों की सुख, समृद्धि और खुशहाली की मंगल कामना की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छठ पूजा सूर्य और छठ मइया की उपासना का पर्व है। कहा जाता है कि छठ पर्व के दौरान कठिन व्रत का अनुष्ठान करते हुए नदी, तालाब के किनारे सूर्य को अर्ध्य देकर परिवार के कल्याण और स्वास्थ्य की मंगल कामना की जाती है। छठी मइया हम सबकी मनोकामना पूरी करेगी। उन्होंने कहा कि सूर्य के बिना कुछ सम्भव नहीं है। सूर्य ऊर्जा का स्रोत है। छत्तीसगढ़ के हजारों लोग इस पूजा में शामिल होते हैं। इसलिए राज्य सरकार ने छत्तीसगढ़ में लोगों की आस्था और धार्मिक भावना का सम्मान करते हुए छठ पूजा के दिन अवकाश घोषित किया है। । उन्होंने छठ घाट पर पहुंच कर दीपदान और पूजा अर्चना भी की।

सौंदर्यीकरण और विकास के लिए 1 करोड़ रुपये देने की घोषणा

छठ पर्व पर सार्वजनिक अवकाश बिहार के बाद केवल छत्तीसगढ़ राज्य में दिया गया है। छत्तीसगढ़ दूसरा राज्य है जहा छठ पर्व पर अवकाश घोषित किया गया है। मुख्यमंत्री ने यह बात भिलाई सेक्टर-2 में आयोजित छठ पूजा के कार्यक्रम के अवसर पर कही। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर तालाब के सौंदर्यीकरण और विकास के लिए 1 करोड़ रुपये देने की घोषणा भी की।