०केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा को बर्खास्त करने की मांग

रायपुर। उत्तर प्रदेश के लखीमपुर की घटना पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दिल्ली में प्रेस कांफ्रेंस कर कहा, यह आंदोलन तीनों कृषि कानूनों के विरोध में हैं। कई राज्यों में इसके खिलाफ प्रस्ताव पारित किए गए। लेकिन केंद्र सरकार की हठधर्मिता है। केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा किसानों को कहते हैं, सुधर जाओ वरना सुधार देंगे। भाजपा अंग्रेजों से प्रेरित होकर राजनीति कर रही है। भाजपा सत्ता के लिए लाशों पर राजनीति करती है। अभी तक पीएम मोदी से लेकर भाजपा के किसी भी नेता ने अभी तक मामले में दुख नहीं जताया।

उन्होंने कहा कि लखीमपुर की घटना से तय हो गया है कि भाजपा को किसान बिल्कुल भी पसंद नहीं है। भाजपा दबाने की कोशिश कर रही है, इस घटना के विरोध में प्रियंका गांधी पीडि़त परिवारों से मिलने जा रही थी, उनके साथ दुव्र्यवहार किया गया। उन्हें हिरासत में ले लिया गया है। मैं भी जा रहा था, तो मुझे भी जाने नहीं दिया गया। कांग्रेस के नेताओं को नजरबंद किया जा रहा है। हर किसी को लखीमपुर जाने से रोका जा रहा है। क्या उत्तर प्रदेश में जाने के लिए पासपोर्ट या वीजा की अवश्यकता है? किसी को भी लखीमपुर नहीं जाने दिया जा रहा है। यह स्थिति बताता है कि भाजपा किसानों के खिलाफ है। वो किसी भी विरोध को बर्दास्त नहीं करना चाहते।

मंत्री अजय मिश्रा को बर्खास्त करें

भाजपा किसानों को दबाने के लिए किसी भी स्तर पर जा सकती है। मंत्री अजय मिश्रा को भी बर्खास्त किया जाना चाहिए। जिन्होंने किसानों को कुचलने की कोशिश की गई, उन पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
जिस प्रकार से केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा का बयान आया कि मेरा बेटा वहां था ही नहीं। वो अपने बेटे को बचाने की कोशिश कर रहे हैं, इसलिए साक्ष्य छुपाने के आरोप में उनके खिलाफ में वही धारा लगाना चाहिए।

पीडि़तों से मिलने नहीं दिया जा रहा

हम पीडि़त परिवार से मिलने जा रहे थे, दुख में सहभागी बनने जा रहे थे, लेकिन रोका जा रहा है।
भूपेश बघेल ने कहा कि छत्तीसगढ़ के सिलगेर में घटना घटी थी। नक्सली क्षेत्र में लोगों की हत्या हुई थी। वहां सभी को जाने दिया गया, हमने किसी को नहीं रोका। पीडि़त परिवार से भी हमने बात की। फोन और वीडियो के माध्यम से बातचीत की। हमारे राज्य में भी कई घटनाएं हुई, लेकिन हमने नहीं रोका।

किसानों के लिए न्याय की लड़ाई लड़ रहे राहुल

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि लखीमपुर में इतनी बड़ी घटना हुई, लेकिन पीएम मोदी और भाजपा की तरफ से कोई भी प्रतिक्रिया अभी तक नहीं आई है। ये लोग सत्ता की राजनीति करते हैं। मंच के माध्यम से पीएम से आग्रह करते हैं कि जो केंद्रीय मंत्री किसानों को लेकर ऐसा बयान दे रहे हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी लगातार किसानों के लिए न्याय की लड़ाई लड़ रहे हैं। किसानों का मुद्दा राजनीतिक नहीं, बल्कि हक का मुद्दा है। इसे राजनीतिक चश्मे से नहीं देखना चाहिए।

लखीमपुर की घटना को लेकर कल प्रदेश भर में कलेक्ट्रेट घेराव
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खिरी में कृषि कानून के विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे किसानों को वाहनों से रौंदें जाने के विरोध में 5 अक्टूबर को छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में कलेक्टर को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर उत्तर प्रदेश सरकार के बर्खास्तगी की मांग की जायेगी।

शोक संतप्त परिजनों को सांत्वना देने हेतु लखीमपुर खिरी जा रहे एआईसीसी के महासचिव एवं उत्तर प्रदेश प्रभारी प्रियंका गांधी वाड्रा के साथ स्थानीय पुलिस प्रशासन द्वारा किये गये बर्बरतापूर्ण अलोकतांत्रिक कार्यवाही के विरोध में छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम के आव्हान पर प्रदेश के समस्त जिला मुख्यालयों में प्रदर्शन भी किया जाएगा।