सभापति एम. वैंकेया नायडू ने पूरे सत्र से किया निलंबित

नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र के पहले ही दिन विपक्ष के 12 सांसदों को राज्यसभा से निलंबित कर दिया गया है। ये 12 सांसद पूरे सत्र में सदन लौट नहीं पाएंगे। इनमें कांग्रेस के 6, टीएमसी और शिवसेना के 2-2 और सीपीएम तथा सीपीआई के 1-1 सांसदों को निलंबित कर दिया गया है।

ये वही सांसद हैं जिन्होंने पिछले सत्र में किसान आंदोलन और अन्य कई मुद्दों के बहाने संसद के उच्च सदन में खूब हंगाम मचाया था। उस दौरान इन सांसदों ने उप-सभापति हरिवंश पर कागज फेंका था और सदन के कर्मचारियों के सामने रखी टेबल पर चढ़ गए थे। इन सांसदों पर कार्रवाई की मांग की गई थी जिस पर राज्यसभा के सभापति एम. वेंकैया नायडू को फैसला लेना था।

सभापति ने सुनाया फैसला

आज जब संसद सत्र फिर से शुरू हुआ तो सभापति एम. वेंकैया नायडू ने अपना फैसला सुना दिया। बता दें कि राज्यसभा में इन विपक्षी सांसदों का बेहद अमर्यादित व्यवहार का जिक्र करते हुए सभापति भावुक हो गए थे। इसलिए उम्मीद की जा रही थी कि सभापति इस संबंध में कोई कड़ा और बड़ा फैसला लेंगे।

फूलोदेवी नेताम और छाया वर्मा निलंबित

संसद ने जिन सांसदों पर कड़ी कार्रवाई की है, उनमें अकेले कांग्रेस के 6 सांसद शामिल हैं। इनमें फूलोदेवी नेताम, छाया वर्मा, आर बोरा, राजमणि पटेल, सैयद नासिर हुसैन और अखिलेश प्रताप सिंह शामिल हैं।