जिले को चाहिए 25 हजार गठान, अब मिले 4 हजार गठान बारदाने
रायपुर। धान खरीदी के लिए पांच दिन का समय शेष है और बारदाना सिर्फ साढ़े तीन हजार गठान ही एकत्रित हो पाया है। अधिकारी भी बारदाना के कमी को लेकर चिंतित हैं। वे राशन दुकानों से लगातार बारदाना की मांग कर रहे हैं लेकिन दुकानदार अनदेखी कर रहे। प्रदेश में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी एक दिसंबर से शुरू हो रही है। रायपुर जिले में इस साल पांच लाख 21 हजार टन धान खरीदी का लक्ष्य है। वहीं इसके लिए लगभग 25 हजार गठान बारदाना की आवश्यकता पड़ेगी, लेकिन शुरुआत में ही जिले में पर्याप्त मात्रा में बारदाना का स्टाक नहीं हो सका है। अधिकारियों के मुताबिक मुश्किल से अभी तीन से 4 हजार गठान बारदाना का स्टाक हुआ है।
उल्लेखनीय है कि धान खरीदी अभी मुश्किल से पांच दिन बचे हुए हैं। ऐसे में अधिकारी भी बारदाना के कमी को लेकर चिंतित हैं। वे राशन दुकानों से लगातार बारदाना की मांग कर रहे है लेकिन आलम यह है कि राशन दुकानदार भी बारदाना देने में जमकर आनाकानी बरत रहे हैं। राइस मिलर्स भी बारदाना के लिए बच रहे हैं। एक दिसंबर तक नए बारदाना समेत राशन दुकान और राइस मिलर्स से बारदाने की व्यवस्था करने के लिए जुटे है। वहीं शत प्रतिशत समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए विभाग को अभी शुरुआत में ही 10 हजार गठान की आवश्यकता पड़ेगी।
सन का आदेश, फिर भी मनमानी
धान खरीदी को लेकर रायपुर कलेक्टर ने राशन दुकानों को बारदाना उठाव के लिए आदेश जारी किया है। कलेक्टर के आदेश के बाद भी सरकारी राशन दुकान संचालक बारदाना उठाव नहीं कर रहे हैं। ऐसे में अब प्रशासन ने जिले के 58 राशन दुकानों को चिंह्नित कर बड़ी कार्रवाई करने के लिए इशारा किया है। प्रशासन इन शासकीय उचित मूल्य दुकानों को बारदाना न दिए जाने के कारण कड़ी कार्रवाई की बात कही है।
नियम से वापस नहीं किए जा रहे बारदाने
उल्लेखनीय है कि शासकीय उचित मूल्य दुकानों को सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत वितरण किए जाने वाले चावल की बिक्री के बाद खाली बारदाने मार्कफेड में जमा करना अनिवार्य है। प्राथमिक उपभोक्ता भंडार, महिला स्वसहायता समूह और ग्राम पंचायतों द्वारा पिछले माह में वितरण के लिए दिए गए चावल को उपभोक्ताओं को देने के बाद खाली बारदाने नियम से वापस नहीं किए जा रहे हैं। खाद्य विभाग राइस मिलर्स, राशन दुकान और नए बारदाने जुटाने में लगे हुए हैं। जल्द ही शुरुआती धान खरीदी के लिए बारदाने का स्टाक होने की उम्मीद है।
28 तक जमा करे बारदाने
कलेक्टर सौरभ कुमार ने खाद्य विभाग सहकारिता विभाग, मुख्यकार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत को सख्त निर्देश देते हुए उनके अधीनस्थ द्वारा संचालित राशन दुकानों के द्वारा सौ फीसदी बारदाने 28 नवम्बर तक अनिवार्य रूप से जमा करना सुनिश्चित करने को कहा है। उन्होंने खाद्य विभाग के अधिकारियों को दुकानवार समीक्षा कर शेष बारदाने तत्काल जमा करने के निर्देश दिए है। धान खरीदी कार्य हेतु प्रत्येक राशन दुकान में भेजे गए चावल को जिस जूट बारदाना ने भेजा जाता है उस बारदाने को खाली होने पर राशन दुकानो को मार्कफेड के परिवहन कर्ता को वापस देना अनिवार्य है।
समितियों को एंट्री अनिवार्य
सेवा सहकारी समितियों के द्वारा संचालित राशन दुकानो को बारदाना समितियों में ही एंट्री कराना अनिवार्य है। रायपुर जिले में उपभोक्ता भंडार, महिला स्वसहायता समूह, ग्राम पंचायत द्वारा राशन दुकान संचालित कर रही है। सभी राशन दुकान के संचालकों को कलेक्टर रायपुर न अप्रेल से नवम्बर 2021 तक नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा प्रदाय किये गए 100 प्रतिशत बारदाने 28 नवम्बर तक जमा करने के कड़े निर्देश दिए है। सेवा सहकारी समितियों के राशन दुकानदारो को उनके पास शेष बारदाने की एंट्री 28 नवम्बर तक किये जाने के निर्देश दिए है। जमा न करने पर निलम्बित किये जाने का प्रतिवेदन देने का निर्देश दिया है।
jai sir is a dedicated news blogger at The Hind Press, known for his sharp insights and fact-based reporting. With a passion for current affairs and investigative journalism, he covers national, international, sports, science, headlines, political developments, environment, and social issues with clarity and integrity.
