रायपुर : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देश पर छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान की कस्टम मिलिंग के लिए राज्य सरकार द्वारा विशेष व्यवस्था की गई है। इसके फलस्वरूप केन्द्रीय पुल में लगभग डेढ़ लाख मीट्रिक टन चावल जमा कराया जा चुका है। इसके अलावा राज्य सरकार द्वारा केन्द्रीय पुल में जमा कराए गए चावल को तेजी से परिवहन के लिए भी भारतीय रेल से समन्वय कर इंतजाम किए गए हैं।


मुख्य सचिव अमिताभ जैन ने राज्य के सभी कलेक्टरों को भारतीय रेल द्वारा सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लिए खाद्यान्नों के परिवहन के लिए 31 दिसम्बर तक दी जा रही सुविधाओं का लाभ उठाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि भारतीय रेल के गुड्स शैड और टर्मिनल में खाद्यान्नों के परिवहन के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। इस सुविधा का अधिक से अधिक लाभ उठाया जा सकता है, जिससे कि कस्टम मिलिंग कर भारतीय खाद्य निगम में जमा कराए गए चावल का तेजी से परिवहन हो सके। जैन ने कलेक्टरों से कहा है कि भारतीय रेल द्वारा दी जा रही सुविधाओं से कस्टम मिलिंग में तेजी आएगी, वहीं राज्य सरकार को केन्द्रीय पुल में चावल जमा करने में सुविधा होगी। उन्होंने बताया कि भारतीय रेल द्वारा सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लिए खाद्यान्न के परिवहन को 31 दिसम्बर तक की अवधि के लिए उच्च प्राथमिकता दी गई है।
उल्लेखनीय है कि केन्द्रीय पुल में लगभग 61 लाख मीट्रिक टन चावल जमा करने के लक्ष्य के अनुरूप छत्तीसगढ़ में तेजी से कस्टम मिलिंग का काम चल रहा है। राज्य सरकार द्वारा कस्टम मिलिंग की प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए राईस मिलरों को कस्टम मिलिंग की प्रोत्साहन राशि 40 से बढ़ाकर 120 रूपए प्रति क्विंटल की गई है। इसके साथ ही मिलरों को संग्रहण केन्द्रों के साथ-साथ धान खरीदी केन्द्रों से ही धान का उठाव करने के निर्देश दिए गए हैं।


Krishna sir is a dedicated news blogger at The Hind Press, known for his sharp insights and fact-based reporting. With a passion for current affairs and investigative journalism, he covers national, international, sports, science, headlines, political developments, environment, and social issues with clarity and integrity.
