रायपुर। भूपेश सरकार ने धान के रकबे का पंजीयन कराने की समय सीमा 11 दिन के लिए बढ़ा दी है। इसके बाद अब 10 नवंबर तक पंजीयन कराया जा सकता है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शनिवार रात को राष्ट्रीय आदिवासी नृत्य महोत्सव के मंच से इसकी घोषणा की।
आदिवासी नृत्य महोत्सव के समापन समारोह में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि धान की कटाई शुरू हो चुकी है। दीपावली के बाद इसमें तेजी आएगी। उन्होंने कहा कि धान खरीदी 1 दिसंबर से शुरू हो रही है। मंत्रिमंडल के कई सदस्यों ने तब तक किसानों के पंजीयन की तारीख बढ़ाने की मांग की है। इसको देखते हुए पंजीयन की समय-सीमा 10 नवंबर तक बढ़ाई जाती है।

105 लाख मीट्रीक टन धान खरीदी का लक्ष्य

बताया जा रहा है कि सरकार की इस पहल से पहली बार धान बेचने के लिए पंजीयन करा रहे किसानों को राहत मिलेगी। इस साल खरीफ सीजन का धान खरीदने के लिए पंजीयन की प्रक्रिया अगस्त महीने में शुरू हुई थी। पहले इसकी आखरी तारीख 30 सितंबर थी। बाद में इसे बढ़ाकर 31 अक्टूबर किया गया। राज्य सरकार ने इस साल 105 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने की तैयारी की है।

एकीकृत किसान पोर्टल की सुविधा

राज्य के किसानों की सहूलियत और पंजीयन की प्रक्रिया को आसान करने के लिए सरकार ने एकीकृत किसान पोर्टल शुरू किया है। इसके जरिए राजीव गांधी किसान न्याय योजना, समर्थन मूल्य पर धान खरीदी, मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना, कोदो-कुटकी-रागी उपार्जन योजना तथा उद्यानिकी फसलों के उत्पादक किसानों को लाभ लेने के लिए बस एक बार पंजीयन कराना होगा।