कलाकारों के हित में लिए गए कई निर्णय
रायपुर। सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों के लोक कलाकारों के लिए ‘लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना’ में प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे कई लोक कलाकार हैं, जो लोक कलाओं के माध्यम से ही अपनी आजीविका चलाते हैं।
प्रदेश के लोक कलाकारों को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य सरकार जल्द ही लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना शुरू करने जा रही है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा, राज्य के लोक कलाकारों के माध्यम से राज्य की सांस्कृतिक पहचान बनती है और राज्य का सम्मान होता है। ऐसे कला साधकों को विभिन्न विपरीत परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है जिसका उनकी कला साधना पर भी बुरा असर पड़ता है। परंपरा के ऐसे संवाहक लोक कलाकारों के हितों की रक्षा और कल्याण की व्यवस्था करना आवश्यक है। इसके लिए जल्द ही राज्य में लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना शुरू की गई है।

छत्तीसगढ़ के कलाकारों और साहित्यकारों को लेकर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। अब छत्तीसगढ़ के 1 हजार कलाकार और साहित्यकारों को पेंशन मिलेगी। जबकि सरकार ने पेंशन की आय सीमा भी बढ़ा दी है, इसके अलावा पेंशन राशि बढ़ाने की भी अनुशंसा की गई है। सरकार का यह फैसला छत्तीसगढ़ के कलाकारों और साहित्यकारों के हित में बड़ा निर्णय माना जा रहा है.

पेंशन अब दो से बढ़कर 4 हजार

छत्तीसगढ़ के लोक कलाकारों और साहित्यकारों की लंबे समय से चल रही मांग पूरी हुई है. अब 2 लाख 16 हजार तक वार्षिक आय वाले कलाकारों और साहित्यकारों को दो हजार प्रति महीने की पेंशन मिलेगी। अब तक 24 हजार सालाना इनकम वाले 131 कलाकारों को ही पेंशन मिल रही थी. लेकिन अब पेंशन की आय सीमा को भी बढ़ा दिया गया है, जिसके बाद अब 9 गुना यानि लगभग 1 हजार कलाकार और साहित्यकार पेंशन का लाभ ले पाएंगे। पेंशन की राशि दो हजार से बढ़ाकर 4 हजार रुपए प्रतिमाह करने की भी अनुशंसा की गई है।

कोरोना काल से उबारने के लिए मिलेगा प्रोत्साहन

वहीं छत्तीसगढ़ में कोरोना काल में सबसे ज्यादा लोक कलाकार प्रभावित हुए हैं, उन्हें काम नहीं मिला जिसकी वजह से उनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ गई. जिसके बाद हाल ही में लोक कलाकार प्रोत्साहन योजना शुरू की गई है। इसके तहत हर साल 100 लोक कलाकारों को प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। नृत्य-संगीत, लोक नाट्य, लोकगाथा, छत्तीसगढ़ी गीतकार विधा के अधिकतम 30 कलाकार या दल को कला के संरक्षण, संवर्धन और विकास के लिए 24 हजार रूपए की वार्षिक प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।