रायपुर। छत्तीसगढ़ मछली उत्पादन में देश में काफी आगे हैं। यहां पर कतला से लेकर हर वैरायटी की मछली का उत्पादन होता है। यहां से दूसरे राज्यों को मछली का निर्यात भी किया जाता है। अब राज्य में मछली के प्रसंस्करण की ओर ध्यान दिया जाने लगा है। मछली से कई उत्पाद बनाने के अलावा अब इससे आचार तैयार कर इसे बाजार में उतारा जा रहा है। ऐसा ही मछली प्रसंस्करण केंद्र में लोगों को मछली से बनने वाले आचार का प्रशिक्षण दिया गया। राज्य में मछली उत्पादन के साथ उसे यही पर प्रसंस्करण कर नए उत्पाद तैयार कर आया बढ़ाने पर काम होने लगा है।

दरअसल इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषि विज्ञान केन्द्र, रायपुर द्वारा केन्द्रीय मात्स्यिकी प्रौद्योगिकी संस्थान, कोचिन के सहयोग से आयोजित तीन दिवसीय राज्य स्तरीय मत्स्य प्रसंस्करण प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रतिभागियों को मछली का अचार बनाने का प्रशिक्षण दिया गया। इस तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में 27 प्रशिक्षणार्थियों ने भाग लिया, जिसमें अनूसूचित जाति के 20 प्रतिभागी एवं कृषि इन्टर्नशिप के 07 विद्यार्थी शामिल थे। प्रशिक्षण के दौरान प्राशिक्षणार्थियों को मछली साफ करने से लेकर उसकी कटाई, पेलेट बनाना, तलना, मसाला बनाना, पैकेजिंग, लेबलिंग आदि का प्रशिक्षण दिया गया।