गरियाबंद। जिले में निवासरत शैलेंद्र नाम का बच्चा आज 1 दिन के लिए कलेक्टर बनेगा। ये बच्चा प्रोजेरिया नाम की एक लाइलाज बीमारी से ग्रसित है। इस बच्चे ने कलेक्टर बनने की इच्छा जाहिर की थी।

जब मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने भी बालक के प्रति उनकी भावनाओं का सम्मान किया। सीएम ने इस बच्चे को एक दिन का कलेक्टर बनाने के लिए अपनी सहमति दे दी और खुद भी बच्चे से मिलने की इच्छा जताई। आज एक दिन के लिए शैलेंद्र को गरियाबंद का कलेक्टर बनाया जाएगा।

16 साल की उम्र में बच्चा दिख रहा शैलेंद्र

शैलेंद्र गरियाबंद जिले के छुरा के मेढकी डबरी गांव का रहने वाला है। इसे एक गंभीर बीमारी है। अपनी जटिल और लाइलाज बीमारी की वजह से 16 की उम्र में ही वह बुजुर्ग की तरह दिखाई देता है। अब शैलेंद्र के शरीर पर झुर्रियां आने लगी हैं। उसके सारे बाल झड़ गए हैं और सिर बहुत बड़ा हो गया है। प्रशासन ने इस बच्चे को 1 दिन का कलेक्टर बनाए जाने की पुष्टि की है।